कहीं बादल फटा तो कहीं भूस्खलन, रामबन-रियासी में कुदरत का कहर, 10 की मौत

जम्मू-कश्मीर में बारिश और भूस्खलन ने तबाही मचाई हुई है. रामबन के राजगढ़ क्षेत्र में भारी बारिश के चलते बादल फटने से जहां तीन लोगों की मौत हो गई. वहीं रियासी के महौरा में भूस्खलन से हाहाकार मच गया. पहाड़ का मलबा एक घर पर आ गिरा और 7 लोगों की मौत हो गई. राजगढ़ में बादल फटने से अचानक आई बाढ़ में कई मकान जमीदोंज हो गए. कुछ मकान पूरी तरह से बाढ़ के पानी में बह गए. घटना के बाद लोगों में हड़कंप मचा हुआ है.
रियासी के महौरा इलाके में भूस्खलन की घटना घटी. हालांकि, स्थानीय प्रशासन ने घटनास्थल पर राहत बचाव कार्य शुरू कर दिए हैं. रेस्क्यू टीम भी मौके पर पहुंच गई हैं और लापता लोगों की तलाश शुरू कर गई है. घटनास्थल पर लगातार रेस्क्यू ऑपरेशन चलाकर प्रभावित लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा रहा है. लोगों के लिए रिलीफ कैंप बनाए गए हैं. इसके साथ ही अधिकारियों ने बताया कि वह हालात पर नजर बनाए हुए हैं.
प्रशासन ने की सावधान रहने की अपील
स्थानीय प्रशासन की ओर से कहा गया कि राज्य में हो रही भारी बारिश और बादल फटने की वजह से नदी-नालों में उफान है और उनका जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है. ऐसे में लोगों से अपील की गई है कि वह सावधान रहें. जम्मू के अलग-अलग इलाकों में इस बार भारी बारिश से अचानक आई बाढ़, भूस्खलन और बादल फटने की घटनाओं में कई लोगों की जान चली गई और साथ ही कई लोग लापता हो गए.
सोमवार से अबतक 54 लोगों की मौत
जम्मू-कश्मीर में आसमान से बरसी आफत ने कई लोगों की जिंदगी खत्म कर दी. कई लोग अपने परिवार के साथ बाढ़ में फंस गए तो वहीं कुछ लोगों के आशियाने बाढ़ में बह गए. कई जगह से बादल फटने की घटना अब तक सामने आ चुकी है. जम्मू के अलग-अलग इलाकों में सोमवार से अब तक कुल 54 लोगों की मौत हो गई. इनमें कटरा में 34, रियासी में 7, रामबन में तीन, जम्मू में एक सेना और बीएसएफ जवान समेत 5, डोडा में 4 और कठुआ में एक मौत हुई. यही नहीं इससे पहले 14 अगस्त को जम्मू कश्मीर के किश्तवाड़ में बादल फटा था. इस घटना में भी करीब 60 लोगों की मौत हो गई थी.