बरेली में वकील पर जानलेवा हमला: मौलाना के पीछे नमाज से इनकार पर चैंबर में घुसकर पीटा, फाइलें भी फाड़ीं

उत्तर प्रदेश के बरेली जिले के हाफिजगंज थाना क्षेत्र में मारपीट का मामला सामने आया है, जिसमें सेंथल कस्बा निवासी अधिवक्ता के साथ कथित तौर पर हमला किया गया. पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने चार नामजद आरोपियों समेत कुल 54 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है. आरोप है कि मौलाना खुर्शीद के पीछे नमाज नहीं पढ़ने पर अधिवक्ता को जान से मारने की धमकी दी.
पीड़ित अधिवक्ता अख्तर अली ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि रविवार शाम वह अपने घर में बने चैंबर में काम कर रहे थे. उसी समय करीब 50 से अधिक लोग अचानक वहां पहुंच गए. आरोप है कि सभी लोग गाली-गलौज करते हुए चैंबर में घुस आए और उनसे मारपीट शुरू कर दी. विवाद की वजह यह है कि अख्तर अली ने मौलाना खुर्शीद के पीछे नमाज पढ़ने से इनकार कर दिया था.
जान से मारने की धमकी
अख्तर अली का आरोप है कि आरोपियों ने उन्हें जान से मारने की धमकी भी दी. एक व्यक्ति ने उनका गला दबाने की कोशिश की, जिससे वह घबरा गए. मौके पर मौजूद कुछ लोगों ने बीच-बचाव किया, तब जाकर किसी तरह उन्हें आरोपियों से छुड़ाया जा सका. पीड़ित ने बताया कि हमलावरों ने उन्हें जान से मारने की धमकी भी दी और कहा कि आगे से उनकी बात नहीं मानी तो अंजाम बुरा होगा.
घटना के दौरान चैंबर में रखी कई जरूरी फाइलें और दस्तावेजों को भी नुकसान पहुंचाया गया. आरोप है कि कुछ लोगों ने फाइलें फाड़ दीं और सामान इधर-उधर कर दिया. इतना ही नहीं, चैंबर में आग लगाने की धमकी भी दी गई, जिससे पीड़ित और उनके परिवार के लोग काफी डर गए. घटना के बाद अधिवक्ता ने पुलिस से सुरक्षा की मांग भी की है.
50 अज्ञात के खिलाफ मुकदमा
इस मामले में हाफिजगंज थाने में तहरीर के आधार पर रिपोर्ट दर्ज की गई है. पुलिस के अनुसार, नामजद आरोपियों में भूरा उर्फ इरफान मियां, वसीम मनीदार, दानिश और मौलाना खुर्शीद शामिल हैं. इनके अलावा लगभग 50 अन्य अज्ञात लोगों को भी आरोपी बनाया गया है.
थाना प्रभारी प्रवीण सोलंकी ने बताया कि पुलिस मामले की जांच कर रही है और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी. उन्होंने कहा कि घटना में जो भी दोषी पाए जाएंगे, उनके खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे. फिलहाल स्थित सामान्य है, लेकिन एहतियात के तौर पर इलाके पर नजर रखी जा रही है.




