Gold Loan Growth: पर्सनल और कार लोन को पछाड़ गोल्ड लोन बना भारतीयों की पहली पसंद, जनवरी में 128% का जबरदस्त उछाल

पर्सनल और कार लोन से ज्यादा गोल्ड लोन कर्जदारों की पहली पसंद बन गए हैं. आंकड़े तो कुछ इसी तरह की कहानी बयां कर रहे हैं. हाल ही में जारी हुए आंकड़ों के अनुसार गोल्ड के बदले लोन में तेजी देखने को मिली है. जनवरी के महीने में साल-दर-साल 128 फीसदी का इजाफा देखने को मिला है, जबकि एक साल पहले यह 91 फीसदी था. आइएउ आपको भी बताते हैं कि आखिर रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया की ओर जारी मंथली डाटा से किस तरह की जानकारी सामने आई है.
किस सेक्टर के लोन में कितनी आई तेजी
- रिन्यूएबल एनर्जी सेक्टर को दिए गए लोन, जिसे सेंट्रल बैंक ने बैंकों के लिए जरूरी लोन माना है, दूसरे सबसे तेज़ी से बढ़े, जिसमें साल-दर-साल 62 फीसदी की बढ़ोतरी हुई, जबकि एक साल पहले यह 40 फीसदी था.
- RBI के जारी मंथली सेक्टोरल डेटा से पता चला कि एक्सपोर्ट क्रेडिट साल-दर-साल 17.2 फीसदी गिरा, जबकि पिछले साल यह 7 फीसदी बढ़ा था, जो US टैरिफ में बदलाव के कारण ट्रेड से जुड़ी अनिश्चितताओं के असर को दिखाता है.
- कुल मिलाकर नॉन-फूड क्रेडिट साल-दर-साल 14 फीसदी बढ़ा, जबकि एक साल पहले यह 11 फीसदी था.
- रिटेल लोन में ज़ोरदार बढ़ोतरी जारी रही, जो साल-दर-साल 15 फीसदी बढ़ा, जबकि पिछले साल जनवरी में 12 फीसदी की बढ़ोतरी हुई थी. ?
- रिटेल में एजुकेशन लोन दूसरा सबसे तेज़ी से बढ़ने वाला सेगमेंट था, जो जनवरी 2026 में 14% बढ़ा, जबकि एक साल पहले इसी समय में 16% की ग्रोथ दर्ज की गई थी.
- कॉर्पोरेट सेक्टर की ग्रोथ बढ़कर 12 फीसदी हो गई, जो एक साल पहले 8 फीसदी की ग्रोथ थी. जेम्स एंड ज्वेलरी और इंजीनियरिंग, दोनों में साल-दर-साल 36 फीसदी की ग्रोथ के साथ, इंडस्ट्रीज़ में सबसे तेज़ी से बढ़ने वाले सेक्टर थे.
क्रेडिट ग्रोथ डिपॉजिट से ज्यादा
15 फरवरी को खत्म हुए पखवाड़े में बैंक क्रेडिट साल-दर-साल 13.6 फीसदी बढ़ा, जबकि डिपॉजिट 11.2 फीसदी की धीमी रफ्तार से बढ़ा. रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया के डेटा से पता चला कि क्रेडिट-डिपॉजिट रेश्यो और बढ़कर 82.47 फीसदी हो गया.
हालांकि, हाल की क्रेडिट ग्रोथ और डिपॉज़िट ग्रोथ, दोनों में एक पखवाड़े पहले देखे गए प्रिंट की तुलना में गिरावट आई है. 31 जनवरी को खत्म हुए दो हफ्ते में बैंक क्रेडिट ग्रोथ 14.6 फीसदी दर्ज की गई, जबकि डिपॉजिट ग्रोथ 12.5 फीसदी रही.




