फतेहाबाद: इंतकाल के लिए सरकारी दफ्तरों के चक्कर काट रहे युवक ने मांगी ‘इच्छा मृत्यु’, अधिकारियों पर लगाया 20 हजार रिश्वत का आरोप

फतेहाबाद : जिले में इंतकाल से जुड़ी लंबित समस्या का समाधान नहीं होने से परेशान फतेहाबाद के एक इलेक्ट्रिशियन ने इच्छा मृत्यु की परमिशन मांगी है। वह गुरुवार को समाधान शिविर में डीसी डॉ. विवेक भारती के सामने पेश हुआ और अपनी व्यथा सुनाई।
इलेक्ट्रिशियन विकास उतरेजा का कहना है कि उसकी पारिवारिक जमीन का एक इंतकाल दर्ज किया गया है। इस इंतकाल को दर्ज करने में वसीयत को नजरअंदाज किया गया है। जिस व्यक्ति को कोर्ट ने खारिज कर दिया है। उस व्यक्ति का नाम भी वसीयत में नहीं है। फिर भी अधिकारी उसको शामिल कर रहे हैं।
विकास ने आरोप लगाया कि अधिकारियों ने 20 हजार रुपए लेकर यह इंतकाल दर्ज किया है। नियमों की भी अनदेखी की गई है। वह लंबे समय से अपने इंतकाल संबंधी मामले के निपटारे के लिए सरकारी दफ्तरों के चक्कर काट रहा है, लेकिन अब तक उसे राहत नहीं मिली। इलेक्ट्रिशियन ने कहा कि यदि उसकी समस्या का समाधान नहीं हुआ तो वह मुख्यमंत्री, राज्यपाल, प्रधानमंत्री और राष्ट्रपति को पत्र लिखकर इच्छा मृत्यु की मांग करेगा।
उसने आरोप लगाया कि प्रशासनिक लापरवाही के कारण उसे मानसिक और आर्थिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इलेक्ट्रीशियन विकास उतरेजा ने आरोप लगाया कि जब उसने शिकायतें दी तो अधिकारियों ने उसका समाधान करने की बजाय उसे धमकियां दी। साथ ही उसे सरकारी कार्य में बाधा डालने के आरोप में केस दर्ज करवाने की भी धमकी दी गई।




