भिवानी। शहर की सड़कों के किनारे कूड़ा नजर नहीं आना चाहिए और खाली प्लाॅटों में कचरा डालने वालों पर सख्त कार्रवाई होगी। यह निर्देश उपायुक्त साहिल गुप्ता ने लघु सचिवालय परिसर स्थित डीआरडीए सभागार में नगर परिषद तथा वार्डों पर नियुक्त नोडल अधिकारियों के साथ सफाई व्यवस्था की समीक्षा बैठक में दिए। डीसी ने लोगों को जागरूक करने के लिए अभियान चलाने पर भी जोर दिया।
समीक्षा बैठक में सीएमजीजीए ऋषव रंजन ने शहरी क्षेत्र की सफाई व्यवस्था को लेकर विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत की। दरअसल, शहरी क्षेत्र में सफाई व्यवस्था दुरुस्त करने के उद्देश्य से डीसी साहिल गुप्ता ने 26 अक्तूबर को शहर के सभी 31 वार्डों में नोडल अधिकारी नियुक्त किए थे। इसके बाद अधिकारियों के साथ शहर के विभिन्न इलाकों का दौरा कर आवश्यक निर्देश दिए गए थे। डीसी के आदेशों के तहत अधिकारियों ने अपने-अपने वार्डों की मौजूदा स्थिति का आकलन किया।
वीरवार को डीसी ने अधिकारियों द्वारा किए गए दौरों के दौरान सामने आई समस्याओं की फोटो के माध्यम से प्रोजेक्टर पर समीक्षा की और समस्याओं के समाधान को लेकर अधिकारियों से सुझाव भी लिए। इसके साथ ही डीसी ने लोहारू, सिवानी और बवानीखेड़ा के शहरी क्षेत्रों की सफाई व्यवस्था की भी समीक्षा की।
नियमित रूप से कूड़ा उठाने के दिए निर्देश
डीसी ने नगर परिषद और सफाई एजेंसी को निर्देश दिए कि गंदगी का उठान नियमित रूप से किया जाए। कचरा उठाने के लिए ऑटो टिप्पर घर-घर भेजे जाएं। आमजन को जागरूक किया जाए कि वे खाली प्लाटों में कूड़ा न डालें। उन्होंने निर्देश दिए कि कूड़ा उठाने वाली गाड़ी में कचरा डालने के बजाय खाली प्लाॅटों में कूड़ा डालने वालों के चालान काटे जाएं। साथ ही कूड़ा उठाने वाली गाड़ियों में उनकी क्षमता के अनुरूप ही कचरा डाला जाए ताकि कचरा गाड़ी से निकलकर सड़कों और गलियों में न गिरे। डीसी ने जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के अधिकारियों को सीवरेज के जर्जर मैनहोल के ढक्कन शीघ्र बदलवाने के निर्देश भी दिए।
इस मौके पर सीईओ जिला परिषद अजय चोपड़ा, डीएमसी गुलजार मलिक, एसडीएम महेश कुमार, बिजली निगम के अधीक्षक अभियंता विनोद पूनिया, जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के अधीक्षक अभियंता सुनील रंगा, टीएम भरत परमार व अन्य अधिकारी मौजूद रहे।